तोक्यो, 17 सितंबर 2025 — भारत के जवेलिन थ्रो चैंपियन नीरज चोपड़ा ने वर्ल्ड एथलेटिक्स चैंपियनशिप के क्वॉलिफायर ग्रुप A में सिर्फ पहले ही प्रयास में 84.85 मीटर की शानदार थ्रो लगाकर फाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली है।
यह थ्रो खुद एक ऑटोमैटिक क्वालीफिकेशन मार्क (84.50 मीटर) से ऊपर की है, जिससे नीरज को बाकी दो प्रयासों की ज़रूरत नहीं पड़ी।
मुकाबला और उम्मीदें
- इस क्वालीफाइंग राउंड में अर्शद नादेम (पाकिस्तान) जैसे विश्व-स्तरीय एथलीट भी हैं, जो ग्रुप B में हिस्सा ले रहे हैं।
- कई प्रतिस्पर्धी पहले ही थ्रोज़ में अपनी जगह बनाने में कामयाब हुए हैं।
- नीरज चोपड़ा की स्थिति मजबूत मानी जा रही है क्योंकि उन्होंने पिछले टूर्नामेंट्स में भी उच्च मान बनाए हैं और लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं।
भारतीय टीम के अन्य एथलीट
- ग्रुप A में Sachin Yadav, Rohit Yadav, और Yash Vir Singh जैसे एथलीट भी शामिल थे, किन्तु उनमें से कुछ क्वालीफिकेशन मार्क तोड़ने में सफल नहीं हुए।
- कुल मिलाकर, नीरज के अलावा भारतीय टीम से कुछ अन्य एथलीटों को फाइनल में जाने की उम्मीद है यदि वे या तो ऑटोमैटिक मार्क पार करें कि या शीर्ष 12 में आएँ।
नीरज चोपड़ा की तैयारी और पिछला रिकॉर्ड
- नीरज ने 2023 में विश्व चैंपियनशिप में गोल्ड मेडल जीता था, और उसके बाद से वे प्रभावित प्रदर्शन कर रहे हैं।
- उनका सीज़न बेहतरीन रहा है, जिसमें उन्होंने कुछ प्रतियोगिताओं में 90 मीटर के करीब थ्रो किए हैं।
फाइनल मुकाबला गुरुवार को होगा, जहाँ नीरज चोपड़ा को विश्व के शीर्ष थ्रोअर जैसे अर्शद नादेम, Julian Weber और अन्य विरोधियों से टकराव का सामना करना पड़ेगा।
इस मुकाबले में नीरज की रणनीति, मानसिक स्थिति और थ्रोज़ की निरंतरता बहुत मायने रखेगी। उच्च दबाव और दर्शकों की उम्मीदें भी होंगी।
