वाशिंगटन डी.सी. (26 नवंबर 2025) — अमेरिकी राजधानी वॉशिंगटन के हृदयस्थल — व्हाइट हाउस के नजदीक, बुधवार दोपहर करीब 2:15 बजे एक टारगेटेड शूटआउट (targeted shooting) हुआ। बताया जा रहा है कि इस हमले में दो नेशनल गार्ड (National Guard) जवान गंभीर रूप से घायल हुए हैं।
सूचना के अनुसार, हमलावर ने अचानक पिस्तौल से हमला किया और भागने की कोशिश की — लेकिन गार्ड जवानों और अन्य सुरक्षा बलों ने तत्परता दिखाते हुए उसे जवाबी कार्रवाई के दौरान नियंत्रण में ले लिया। संदिग्ध, पहचाने गए रूप में, 29 वर्षीय अफगान नागरिक Rahmanullah Lakanwal है, जो पहले से वाशिंगटन में मौजूद था।
घटना के बाद इलाके को तुरंत सील किया गया और व्हाइट हाउस के आसपास सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। कई एजेंसियाँ — FBI, Secret Service, स्थानीय पुलिस — जांच में जुट गई हैं।
बढ़ती सुरक्षा चिंता — क्या है वजह?
निष्ठा और सुरक्षा एजेंसियों पर दबाव है — वाशिंगटन डी.सी. में पहले से ही अतिरिक्त National Guard तैनात थे, और अब उनमें 500 और जवान तैनात किये जाने की घोषणा हुई है।
यह घटना व्हाइट हाउस के ठीक पास हुई — जो कि अमेरिका की सबसे सुरक्षित और हाई-प्रोफाइल ज़ोन में से एक माना जाता है।
अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने इसे “terror act” करार दिया है और कहा है कि हमें अब अपने विदेशी शरणार्थी-नीति (immigration vetting) की समीक्षा करनी होगी।
घटना विवरण — क्या हुआ?
- दो नेशनल गार्ड जवान एफैरागूट वेस्ट (Farragut West) स्टेशन के पास गश्त कर रहे थे, जब अचानक एक संदिग्ध ने गोली चलाई।
- हमलावर ने उन पर घात लगाकर हमला किया, दोनों जवान घायल हुए — जिन्हें तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया।
- अन्य गार्ड जवानों ने तुरंत जवाबी कार्रवाई की, हमलावर को नियंत्रित कर गिरफ्तार कर लिया गया।
- घटना के बाद पूरा इलाका सील, व्हाइट हाउस और आस-पास की सुरक्षा बढ़ा दी गई।
संदिग्ध कौन है?
- नाम: Rahmanullah Lakanwal — 29 वर्षीय अफगान नागरिक।
- जानकारी के अनुसार, वो 2021 में ‘ऑपरेशन अलाइज वेलकम’ (Operation Allies Welcome) के तहत अमेरिका आया था।
- अप्रैल 2025 में उसे शरणार्थी (asylum) का दर्जा मिला था और हाल ही में वो वाशिंगटन में रह रहा था।
- पुलिस और एफ़बीआई इस घटना की जांच कर रही है और इसे आतंकवाद या वर्दीधारी जवानों पर निशाना आधारित हमला माना जा रहा है।
अमेरिकी प्रतिक्रिया — सुरक्षा नीति और दबाव
- राष्ट्रपति ट्रंप ने अमेरिका के अन्य अफगान शरणार्थियों की वीज़ा / आव्रजन (immigration) प्रक्रिया को ‘फिर से समीक्षा’ करने का आदेश दिया है।
- Homeland Security सहित कानूनी एजेंसियों ने अफगानों से जुड़े सभी नए आव्रजन आवेदन को अस्थायी रूप से स्थगित कर दिया है।
- वाशिंगटन में तैनात नेशनल गार्ड की संख्या बढ़ा दी गई है — अतिरिक्त सुरक्षा जवानों की तैनाती की गई है।
क्या अब राजधानी और भी असुरक्षित हो गई?
यह हमला सीधे व्हाइट हाउस के पास हुआ — जो अमेरिका का सबसे संवेदनशील क्षेत्र है। इससे यह सवाल पैदा हुआ है कि हाई-प्रोफाइल सुरक्षा क्षेत्र भी कितना सुरक्षित है।
विश्लेषक कह रहे हैं कि यह घटना एक चेतावनी है — हमें न केवल बेहतर सुरक्षा व्यवस्था चाहिए, बल्कि विवेकपूर्ण आव्रजन नीतियाँ भी जरूरी हैं।
व्हाइट हाउस के पास हुई इस गोलीबारी ने दिखा दिया कि हमले चाहे कहीं भी हो, वे बड़े परिणाम ला सकते हैं।
दो नेशनल गार्ड जवानों पर हमला — वहां, जहाँ अमेरिका का नेतृत्व रहता है — यह एक बड़ा झटका है।
