पटना – आज नीतीश कुमार रिकॉर्ड दसवीं बार बिहार के मुख्यमंत्री पद की शपथ ले रहे हैं। इस ऐतिहासिक मोड़ पर शपथ ग्रहण समारोह सुबह 11:30 बजे पटना के गांधी मैदान में आयोजित है, जिसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सहित कई वीआईपी नेता शामिल होंगे।
नए मंत्रिमंडल में चर्चा में नाम
नई सरकार में बंटवारे के बाद नया मंत्रिमंडल तैयार किया गया है। बीजेपी की ओर से दो उपमुख्यमंत्री नाम तय हैं — सम्राट चौधरी और विजय कुमार सिन्हा। जदयू, एलजेपी (रामविलास), हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा (सेक्युलर) और RLM कोटे से भी मंत्री बनाए जा रहे हैं।

एलजेपी से उम्मीदवार हैं : संजय कुमार पासवान और संजय सिंह।
हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा से : संतोष कुमार सुमन, RLM से : दीपक प्रकाश।
यह घटनाक्रम इस लिए भी अहम है क्योंकि जनता द्वारा दिए गए जनादेश के बाद नीतीश कुमार के नेतृत्व में एनडीए ने बड़ी जीत दर्ज की है।
- 10वीं बार मुख्यमंत्री बनना बिहार की राजनीति में एक नया रिकॉर्ड है।
- नए मंत्रिमंडल से यह संकेत मिलता है कि गठबंधन को विभिन्न दलों व सामुदायिक समूहों को संतुलित प्रतिनिधित्व देना है।
चुनौतियाँ और एजैंडा
नीतीश सरकार के सामने अब बड़ी चुनौतियाँ हैं — बेरोजगारी, पलायन, विकास की गति। पिछले कार्यकाल में उन्हें “सुशासन बाबू” के रूप में पहचाना गया था। अब वे अपने नए कार्यकाल में इन मुद्दों पर तेज़ी से काम करना चाहेंगे।
शपथ ग्रहण का माहौल
गांधी मैदान में सुबह से तैयारियाँ तेज हैं। पुलिस ने सुरक्षा-योजनाएँ चाक-चौबंद कर दी हैं। दूरदराज से आम जनता और कार्यकर्ता इस समारोह को देखने आए हैं।
समारोह में शामिल कई राज्य के मुख्यमंत्री तथा केंद्रीय मंत्री भी मौजूद हैं।
